सूरह 85 अल्-बुरूज, आयत 1 – 3
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وَالسَّمَاءِ ذَاتِ الْبُرُوجِ
क़सम है बुर्जों वाले आकाश की!
85:1 -
وَالْيَوْمِ الْمَوْعُودِ
और क़सम है उस दिन की, जिसका वादा किया गया है!
85:2 -
وَشَاهِدٍ وَمَشْهُودٍ
क़सम है गवाह की और उसकी, जिसके बारे में गवाही दी जाएगी!
85:3
अनुवाद: Azizul Haq Al-Omari